अंजाम


जीने का शौक इतना था की चाँद पर ईमारत खड़ी करना चाहता था 
बेजान बलपूर्वक किया गया है ,खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
अभिनेता था पर विज्ञान में भी कलाकारी करना चाहता था 
खिलाफ होकर खून किया गया है , खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
 नए नित विषय में उत्साही था , बहुत कुछ अनुभव करना चाहता था 
पार्थिव में ज़बरन बदला गया है , खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
ईमानदार था इसलिए  कुछ चेहरे बेनकाब करना चाहता था 
आयु बिना सहयोग से मिटाया गया है ,खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
सार्वजनिक थी हर बेहतरी उसकी , हर एक रवैया अनोखा था 
नुकसान तो नाको तले किया गया , खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
दुसरो की सहायता करता था , परिवार का भी सहायक था 
अपनी जान मिट्टी में क्यों डालेगा , खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
आया था देश और दुनिया बदलने , सकारत्मक उर्जा था 
क़त्ल किया गया है उसका , खुद ये अंजाम नहीं करना चाहता था 
फिर किसी माँ की कोक में एक नए चहरे के साथ  वापस आएगा ,
मौत के घाट कोई उसे और उसके सपनो को नहीं उतार  सकता ,
दोबारा से करेगा जो वो करना चाहता था 
                - गौतम पात्र 
f - 2:40AM
18/08/2020
02:41